उत्तर प्रदेश के नोएडा से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां कैफे के कारोबार में भारी नुकसान होने के बाद एक प्रेमी जोड़े ने अपने शौक पूरे करने के लिए चोरी का गैंग बना लिया। नोएडा पुलिस ने इस कथित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए लिव-इन में रह रहे प्रेमी-प्रेमिका और उनके एक साथी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, यह गिरोह हाईराइज सोसाइटियों और रिहायशी इलाकों में बंद पड़े मकानों की रेकी करता था और मौका मिलते ही चोरी की वारदात को अंजाम दे देता था। पुलिस ने तीनों आरोपियों के कब्जे से नकदी, ज्वेलरी, मोबाइल फोन और लैपटॉप समेत कई अन्य सामान बरामद करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार, गिरोह की कथित सरगना सोनाली थी, जो रेकी के दौरान पूरे गैंग को लीड करती थी। उसका प्रेमी दीवाकर और तीसरा साथी इरफान बंद पड़े मकानों में घुसकर चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। आरोपी खासतौर पर उन घरों को निशाना बनाते थे, जहां परिवार किसी काम से बाहर गया होता था और मकान लंबे समय से बंद दिखाई देता था।
जांच में सामने आया है कि दीवाकर और सोनाली पहले गाजियाबाद में कैफे चलाते थे। बाद में दोनों ने नोएडा में भी कैफे का कारोबार शुरू किया, लेकिन व्यवसाय में नुकसान होने की वजह से कैफे बंद हो गया। पुलिस के मुताबिक, कारोबार ठप होने के बाद प्रेमी जोड़े ने अपने खर्च और शौक पूरे करने के लिए चोरी का रास्ता अपना लिया। इसके बाद दोनों ने अपने साथी इरफान को साथ लेकर चोरी की वारदातों को अंजाम देना शुरू कर दिया। गिरोह दिन के समय वारदात करता था ताकि सामान्य आवाजाही के बीच किसी को ज्यादा शक न हो। महिला आरोपी सोनाली बंद मकानों की पहचान करने और रेकी करने में अहम भूमिका निभाती थी। मकान की स्थिति और आसपास की गतिविधियों का पता लगाने के बाद वह अपने साथियों को पूरी जानकारी देती थी। इसके बाद मौका देखकर तीनों मिलकर घर में घुसते और कीमती सामान लेकर फरार हो जाते थे। पुलिस का दावा है कि चोरी से मिले पैसे और सामान का इस्तेमाल आरोपी अपने खर्च और मौज-मस्ती के लिए करते थे। दिन में चोरी की घटनाओं को अंजाम देने के बाद आरोपी रात के समय रेस्तरां और बार में जमकर पार्टी करते थे।
नोएडा के थाना सेक्टर-113 पुलिस ने इस पूरे मामले का खुलासा करते हुए तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उनके कब्जे से करीब साढ़े तीन लाख रुपये नकद, ज्वेलरी, मोबाइल फोन और लैपटॉप बरामद किए हैं। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस गिरोह ने नोएडा और उसके आसपास के इलाकों में अब तक कितनी चोरी की वारदातों को अंजाम दिया है और बरामद किया गया सामान किन-किन मामलों से जुड़ा हुआ है। एडीसीपी नोएडा मनीषा सिंह के अनुसार, मामले में तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि गिरोह से जुड़ी अन्य वारदातों का भी जल्द खुलासा किया जाएगा।
