उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा यानी यूपीटीईटी 2026 के रिजल्ट को लेकर अभ्यर्थियों के बीच असमंजस की स्थिति बन गई है। दरअसल, 26 अगस्त को जारी किया गया यूपीटीईटी 2026 का परिणाम अब वेबसाइट पर नहीं दिख रहा है। रिजल्ट वेबसाइट से हटने के बाद अभ्यर्थियों के बीच तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कुछ लोग संशोधित परिणाम आने की बात कर रहे थे, तो कुछ नॉर्मलाइजेशन हटाए जाने की आशंका जता रहे थे। हालांकि, अभ्यर्थियों के लिए राहत की बात यह है कि उन्हें अपना परिणाम पाने के लिए परेशान होने की कोई जरूरत नहीं है। अब रिजल्ट डिजिलॉकर के जरिए आसानी से देखा जा सकेगा। यानी वेबसाइट से रिजल्ट हटने का मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि अभ्यर्थियों का परिणाम खत्म हो गया है या उन्हें दोबारा किसी परीक्षा प्रक्रिया से गुजरना होगा।
रिजल्ट हटने को लेकर बढ़ रही चर्चाओं के बीच आयोग के पीआरओ डॉ. संजय कुमार सिंह ने स्थिति को पूरी तरह स्पष्ट किया है। उन्होंने बताया कि वेबसाइट पर कोई भी रिजल्ट सिर्फ एक सप्ताह तक ही रहता है। ऐसे में यूपीटीईटी 2026 का परिणाम वेबसाइट से हटना अपने आप में किसी संशोधित रिजल्ट या नॉर्मलाइजेशन से जुड़ी कार्रवाई का संकेत नहीं है। यह एक सामान्य प्रक्रिया है, जो हर परीक्षा के परिणाम के साथ अपनाई जाती है। पीआरओ के इस बयान के बाद अभ्यर्थियों की बड़ी चिंता दूर हो गई है। जिन अभ्यर्थियों ने यूपीटीईटी 2026 में हिस्सा लिया है, वे अब डिजिलॉकर के माध्यम से अपना परिणाम आसानी से प्राप्त कर सकते हैं।
गौरतलब है कि 26 अगस्त को जारी परिणाम के बाद अब डिजिलॉकर के जरिए रिजल्ट देखा जा सकेगा। वेबसाइट से परिणाम हटने के बाद संशोधित रिजल्ट और नॉर्मलाइजेशन को लेकर जो अफवाहें फैलने लगी थीं, उनके बीच आयोग के पीआरओ का यह स्पष्टीकरण अभ्यर्थियों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। अब अभ्यर्थियों को किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान नहीं देना चाहिए और डिजिलॉकर की मदद से अपना परिणाम जरूर देख लेना चाहिए। आयोग का कहना है कि सभी अभ्यर्थियों का डेटा पूरी तरह सुरक्षित है और उन्हें किसी भी प्रकार की दिक्कत का सामना नहीं करना पड़ेगा।
